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NEET पेपर लीक और जंतर-मंतर लाठीचार्ज के विरोध में राजस्थान विश्वविद्यालय में NSUI का प्रदर्शन, पुलिस और छात्रों के बीच धक्का-मुक्की

NEET पेपर लीक और जंतर-मंतर लाठीचार्ज के विरोध में राजस्थान विश्वविद्यालय में NSUI का प्रदर्शन, पुलिस और छात्रों के बीच धक्का-मुक्की एनएसयूआई ने चेताया, पेपर लीक मामलों की निष्पक्ष जांच, दोषियों पर कार्रवाई और छात्र हितों…

ETV Bharat के अनुसार22 जुलाई 2026 को 04:09 am बजे
NEET पेपर लीक और जंतर-मंतर लाठीचार्ज के विरोध में राजस्थान विश्वविद्यालय में NSUI का प्रदर्शन, पुलिस और छात्रों के बीच धक्का-मुक्की

सौजन्य से:- ETV Bharat

NEET पेपर लीक और जंतर-मंतर लाठीचार्ज के विरोध में राजस्थान विश्वविद्यालय में NSUI का प्रदर्शन, पुलिस और छात्रों के बीच धक्का-मुक्की

एनएसयूआई ने चेताया, पेपर लीक मामलों की निष्पक्ष जांच, दोषियों पर कार्रवाई और छात्र हितों की सुरक्षा सुनिश्चित नहीं होगी, तब तक आंदोलन जारी रहेगा.

Published : July 21, 2026 at 7:49 PM IST

जयपुर: दिल्ली के जंतर-मंतर पर नीट (NEET) पेपर लीक मामले को लेकर प्रदर्शन कर रहे छात्रों पर हुए कथित लाठीचार्ज के विरोध में मंगलवार को राजस्थान विश्वविद्यालय परिसर में एनएसयूआई (NSUI) कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन किया. प्रदर्शन के दौरान केंद्र सरकार और केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के खिलाफ जमकर नारेबाजी की गई. इस दौरान छात्र विश्वविद्यालय परिसर से बाहर निकलकर विरोध मार्च निकालना चाहते थे. पुलिस ने उन्हें परिसर से बाहर जाने से रोक दिया. इस बीच पुलिस और छात्रों के बीच धक्का-मुक्की भी हुई.

दिल्ली के जंतर-मंतर से उठी विरोध की लपटें मंगलवार को जयपुर तक आ पहुंची. यहां राजस्थान विश्वविद्यालय कैंपस में एनएसयूआई ने केंद्र सरकार के विरोध में प्रोटेस्ट किया. इस बीच, कुछ देर तक परिसर में तनावपूर्ण माहौल रहा. छात्र और पुलिस आमने-सामने भी हुए. दोनों के बीच धक्का मुक्की भी हुई. बाद में पुलिस की समझाइश के बाद स्थिति सामान्य हो गई. इस दौरान एनएसयूआई प्रदेश प्रवक्ता अमरदीप परिहार ने कहा, केवल एक परीक्षा का मुद्दा नहीं, बल्कि देश के लाखों छात्रों के भविष्य से जुड़ा सवाल है. जब छात्र अपने हक के लिए आवाज उठाता है तो उसे पुलिस की लाठियों से दबाने की कोशिश की जाती है, लेकिन ये शुरुआत है. आगे और उग्र आंदोलन होंगे. उन्होंने केंद्र की भाजपा सरकार को अंग्रेजों से भी खतरनाक सरकार बताया.

छात्र नेता राम सिंह सामोता ने आरोप लगाया, नीट पेपर लीक का ये पहला मामला नहीं है. इससे पहले भी नीट समेत कई प्रतियोगी परीक्षाओं के पेपर लीक होने की घटनाएं सामने आ चुकी हैं. इसके बावजूद दोषियों के खिलाफ कार्रवाई और जवाबदेही तय नहीं की गई. भाजपा शासित कई राज्यों में भी प्रतियोगी परीक्षाओं के पेपर लीक के मामले सामने आए, लेकिन सरकारें छात्रों को न्याय दिलाने के बजाय विरोध कर रहे युवाओं की आवाज दबाने का प्रयास कर रही हैं. उन्होंने कहा कि जंतर-मंतर पर अपनी मांगों को लेकर शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे छात्रों पर पुलिस की ओर से अपनाया गया रवैया लोकतांत्रिक अधिकारों का उल्लंघन है.

प्रदर्शन के दौरान एनएसयूआई कार्यकर्ताओं ने 'पेपर लीक बंद करो', 'छात्रों को न्याय दो' और 'केंद्र सरकार जवाब दो' जैसे नारे लगाए. साथ ही चेतावनी दी कि जब तक पेपर लीक मामलों की निष्पक्ष जांच, दोषियों पर कड़ी कार्रवाई और छात्रों के हितों की सुरक्षा सुनिश्चित नहीं होगी, तब तक उनका आंदोलन जारी रहेगा. साथ ही उन्होंने जंतर-मंतर पर प्रदर्शन कर रहे छात्रों पर हुई पुलिस कार्रवाई की भी निष्पक्ष जांच कर जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की.

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