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पश्चिमी विक्षोभ-बंगाल की खाड़ी की नमी से बदला राजस्थान का मौसम, जयपुर में बारिश से 7 डिग्री लुढ़का पारा, जानिए आगे कैसा रहेगा मौसम

पश्चिमी विक्षोभ-बंगाल की खाड़ी की नमी से बदला राजस्थान का मौसम, जयपुर में बारिश से 7 डिग्री लुढ़का पारा, जानिए आगे कैसा रहेगा मौसम पिछले 24 घंटे में सबसे ज्यादा बारिश जयपुर के माधोराजपुरा में 66 मिमी दर्ज की गई. जयपुर के…

ETV Bharat के अनुसार29 सितंबर 2026 को 04:05 pm बजे
पश्चिमी विक्षोभ-बंगाल की खाड़ी की नमी से बदला राजस्थान का मौसम, जयपुर में बारिश से 7 डिग्री लुढ़का पारा, जानिए आगे कैसा रहेगा मौसम

सौजन्य से:- ETV Bharat

पश्चिमी विक्षोभ-बंगाल की खाड़ी की नमी से बदला राजस्थान का मौसम, जयपुर में बारिश से 7 डिग्री लुढ़का पारा, जानिए आगे कैसा रहेगा मौसम

पिछले 24 घंटे में सबसे ज्यादा बारिश जयपुर के माधोराजपुरा में 66 मिमी दर्ज की गई. जयपुर के फागी में 52 मिमी बारिश हुई.

Published : September 29, 2026 at 8:13 PM IST

जयपुर: राजस्थान से अगले 24 घंटों में मानसून औपचारिक रूप से विदा ले लेगा, इसके बाद होने वाली बारिश को मानसूनी वर्षा में शामिल नहीं किया जाएगा. इससे पहले साइक्लोनिक असर, पश्चिमी विक्षोभ और बंगाल की खाड़ी से आई नम हवाओं के चलते 27-28 सितंबर को प्रदेश के कई हिस्सों में बारिश, तेज हवा और गरज-चमक दर्ज की गई. जिससे तापमान में भी गिरावट आई है. पिछले 24 घंटे में प्रदेश के कई जिलों में हल्की से मध्यम बारिश दर्ज की गई. सीकर, झुंझुनू, जयपुर, दौसा, भरतपुर, टोंक, करौली, चित्तौड़गढ़, सवाईमाधोपुर, श्रीगंगानगर, हनुमानगढ़, चूरू और डीडवाना-कुचामन में बारिश हुई. प्रदेश में सबसे ज्यादा बारिश जयपुर के माधोराजपुरा में 66 मिमी दर्ज की गई. टोंक के माशी बांध और जयपुर के फागी में 52-52 मिमी बारिश हुई. सीकर के लोसल में 47 मिमी, दौसा के लवाण में 33 मिमी और जयपुर के सांगानेर व सवाईमाधोपुर के मोरासागर में 31-31 मिमी बारिश हुई.

सितंबर के आखिरी दिनों में क्यों बदला मौसम: जयपुर मौसम केंद्र के निदेशक राधेश्याम शर्मा के अनुसार, मानसून की विदाई के समय पश्चिमी विक्षोभ का असर देखने को मिलता है. इस समय प्रदेश में एक पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय हुआ. वहीं, बंगाल की खाड़ी से लगातार नम हवाएं भी राजस्थान की ओर पहुंच रही थीं. इन दोनों परिस्थितियों के एक साथ बनने से पूर्वी राजस्थान में वातावरण में नमी और अस्थिरता बढ़ गई, जिससे गरज-चमक के साथ बारिश हुई. जयपुर में भी इसी वजह से तेज आंधी के साथ अचानक मूसलाधार बारिश हुई.सोमवार को इस तेज बारिश से तापमान में तेजी से गिरावट आई.

जयपुर में दोपहर में अधिकतम तापमान 33.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया था, लेकिन बारिश के बाद करीब एक घंटे में तापमान लगभग 7 डिग्री गिरकर 25 डिग्री के आसपास पहुंच गया. प्रदेश के कई हिस्सों में भी बारिश के बाद तापमान में 2 से 7 डिग्री तक की गिरावट दर्ज की गई. जयपुर में 23.8 डिग्री, माउंट आबू में 23 डिग्री, सिरोही में 27.8 डिग्री और सीकर में 31 डिग्री तापमान दर्ज किया गया.

बीते 24 घंटे में कहां कितनी बारिश (मिमी में)

- माधोराजपुरा, जयपुर: 66 मिमी

- माशी बांध, टोंक: 52 मिमी

- फागी, जयपुर: 52 मिमी

- लोसल, सीकर: 47 मिमी

- लवाण, दौसा: 33 मिमी

- सांगानेर, जयपुर: 31 मिमी

- मोरासागर, सवाईमाधोपुर: 31 मिमी

- जयपुर शहर: 28.9 मिमी

- निर्झरना, दौसा: 26 मिमी

- पापड़दा, दौसा: 25 मिमी

कमजोर मानसून के बाद बेमौसम बारिश से परेशान किसान: इस बार राजस्थान में मानसून सामान्य से कमजोर रहा. प्रदेश में मानसून सीजन के दौरान औसत 424.71 मिमी बारिश के मुकाबले 349.51 मिमी बारिश दर्ज की गई. औसत के मुकाबले करीब 17.43 प्रतिशत कम बारिश हुई. कम बारिश के कारण प्रदेश के कई जिलों में सूखे जैसी स्थिति बनी.अब सीजन के आखिर में, जब कई जगह फसलें कटाई के लिए तैयार हैं, अचानक हुई तेज बारिश और ओलावृष्टि किसानों के लिए चिंता का कारण बन गई है. एक तरफ किसान कमजोर मानसून से परेशान रहे. वहीं, अब कटाई के समय हुई बारिश से तैयार फसलों को नुकसान का खतरा बढ़ गया है.

सोमवार को जयपुर के अलावा सीकर, झुंझुनू, दौसा, भरतपुर, टोंक, करौली, सवाईमाधोपुर और अन्य जिलों में बारिश हुई. कुछ इलाकों में तेज हवाओं के साथ ओले भी गिरे. बीकानेर और चूरू सहित कुछ इलाकों में बारिश के साथ ओलावृष्टि की सूचना रही, जबकि श्रीगंगानगर और हनुमानगढ़ में धूलभरी आंधी का असर दिखाई दिया. सीकर के लोसल में 47 मिमी बारिश दर्ज की गई. नागौर और आसपास के इलाकों में भी तेज बारिश और ओलावृष्टि से फसलों को नुकसान की चिंता बढ़ गई है.

आज के बाद कमजोर होगा बारिश का दौर: मंगलवार को राजस्थान में मौसम की यह गतिविधि अहम मानी जा रही है, क्योंकि इसके बाद बारिश का दौर कमजोर पड़ने के संकेत हैं. मौसम विभाग के मुताबिक पश्चिमी विक्षोभ का प्रभाव अब धीरे-धीरे कमजोर हो रहा है. 30 सितंबर से पूर्वी राजस्थान में भी बारिश की गतिविधियों में कमी आने की संभावना है.अगले कुछ दिनों में मौसम मुख्यतः शुष्क रहने और तापमान में बढ़ोतरी होने का अनुमान है. पश्चिमी राजस्थान में इसका असर पहले दिखाई दे सकता है.

मौसम साफ होने के साथ धूप तेज होगी और पारा फिर ऊपर जाने की संभावना है. अब मौसम के अगले चरण में बारिश की जगह धूप और बढ़ते तापमान का असर देखने को मिल सकता है, यानी राजस्थान में मानसून की विदाई के बाद बारिश का यह दौर आखिरी बड़ा मौसम परिवर्तन साबित हो सकता है, जिसके बाद प्रदेश फिर गर्म और शुष्क मौसम की ओर बढ़ेगा.

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