IPS दिनेश एमएन का 'मिशन दुबई' रहा हिट, विदेश में छिपा बैठा था बदमाश, दबोचकर जयपुर लाई एंटी गैंगस्टर टास्क फोर्स
राजस्थान पुलिस की एंटी गैंगस्टर टास्क फोर्स ने एक बड़े बदमाश को दुबई से गिरफ्तार किया है। जयपुर के खोह नागोरियान में एक साल पहले व्यापारी अपहरण कांड के मास्टरमाइंड करण आसवानी उर्फ कमल सिंधी को पुलिस दुबई से गिरफ्तार कर ज…

सौजन्य से:- Navbharat Times
राजस्थान पुलिस की एंटी गैंगस्टर टास्क फोर्स ने एक बड़े बदमाश को दुबई से गिरफ्तार किया है। जयपुर के खोह नागोरियान में एक साल पहले व्यापारी अपहरण कांड के मास्टरमाइंड करण आसवानी उर्फ कमल सिंधी को पुलिस दुबई से गिरफ्तार कर जयपुर ले आई है।
जयपुर: कानून के हाथ लंबे होते हैं। इस कहावत को राजस्थान पुलिस ने साबित कर दिखाया है। राजस्थान पुलिस की एंटी गैंगस्टर टास्क फोर्स ने एक मोस्ट वांटेड बदमाश को दुबई से गिरफ्तार करने में कामयाबी हासिल की है। एक साल पहले जयपुर के खोह नागोरियान इलाके में एक व्यापारी का किडनैप हुआ था। बदमाशों ने व्यापारी के मोबाइल फोन से उसके परिजनों से फिरौती की मांग की थी। पुलिस को सूचना मिलने के बाद तुरंत कार्रवाई शुरू हुई। पुलिस ने व्यापारी को सुरक्षित दस्तयाब कर लिया लेकिन आरोपी फरार हो गए थे।
तीन बदमाशों को तुरंत दबोचा
व्यापारी के अपहरण की यह घटना अगस्त 2025 की है। खोह नागोरियान निवासी नरेंद्र नाथ दत्ता अपने ड्राइवर योगेश के साथ वैशाली नगर जाने को निकले थे लेकिन बीच रास्ते में ही बदमाशों ने दोनों का किडनैप कर दिया। एक दिन बाद व्यापारी के मोबाइल फोन से बदमाशों ने उनके परिजनों को फोन कर अपहरण की जानकारी दी और फिरौती मांगी थी। परिजनों ने तुरंत पुलिस को सूचना दी तो पुलिस एक्टिव हुई। पुलिस ने पीछा करके आगरा के पास से व्यापारी और उनके चालक को अलग अलग स्थानों से सकुशल मुक्त कराया। इस दौरान पुलिस ने तीन बदमाशों को गिरफ्तार किया था जिनमें हर्ष गौतम, कनक गांगुली और अजय बेनीवाल शामिल थे।
पुलिस की वर्दी में किया था किडनैप
एडीजी दिनेश एमएन बताते हैं कि वारदात के वक्त एक बदमाश ने पुलिस की खाकी यूनिफॉर्म पहन रखी थी। ऐसे में व्यापारी डर गया। घटना के वक्त उन्हें अहसास ही नहीं हुआ कि कोई आपराधिक गैंग उनका अपहरण कर रही है। व्यापारी और उनके ड्राइवर को अपनी गाड़ी में बैठाकर कई किलोमीटर दूर ले जाने के बाद व्यापारी को पता चला कि उनका किडनैप हुआ है। हालांकि इस मामले में राजस्थान पुलिस ने त्वरित कार्रवाई कर व्यापारी और उनके ड्राइवर योगेश को सुरक्षित बचा लिया।
साथी पकड़े गए तो मास्टर माइंड भागा दुबई
एडीजी दिनेश एमएन का कहना है कि तीन बदमाशों के गिरफ्तार होने से गैंग का सरगना डर गया। वह समझ गया था कि पुलिस उसे भी जल्द गिरफ्तार कर सकती है। ऐसे में वे विदेश भाग गया लेकिन राजस्थान पुलिस की टीम उसकी हर गतिविधि पर निगरानी रखे हुए थे। दुबई में छिपे होने का पता चलने पर इंटरपोल की मदद से आरोपी करण आसवानी उर्फ कमल सिंधी की लोकेशन ट्रेस की गई।
दुबई की सुरक्षा एजेंसियों की मदद
अपहरण कांड के मास्टर माइंड करण आसवानी उर्फ कमल सिंधी की गिरफ्तारी के लिए राजस्थान पुलिस ने दुबई की सुरक्षा एजेंसियों की भी मदद ली। लोकेशन ट्रेस होने पर उसे हिरासत में लिवाया गया। बाद में 31 अगस्त को एडिशनल एसपी सिद्धांत शर्मा के नेतृत्व में एक टीम को जयपुर से दुबई भेजा गया। प्रत्यर्पण की कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद पुलिस गुरुवार रात को उसे लेकर जयपुर पहुंची।
एक साल पहले ही दुबई से हुई थी गिरफ्तारी
कारोबारियों से फिरौती मांगने वाले कई गैंगस्टर विदेशों में छिपे हुए हैं। राजस्थान पुलिस की टीम पिछले साल कुख्यात गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई के एक सक्रिय गुर्गे आदित्य जैन उर्फ टोनी को भी दुबई से गिरफ्तार कर जयपुर ला चुकी है। राजस्थान पुलिस ने तीन अलग अलग देशों में चार आरोपियों को भी स्थानीय सुरक्षा एजेंसियों से गिरफ्तार करवाया है। हालांकि प्रत्यर्पण की कानूनी प्रक्रिया जटिल होने के चलते उन्हें भारत नहीं लाया जा सका है।
क्या आपको लगता है कि ऐसे अभियानों से अपराध नियंत्रण में मदद मिलेगी? अपने विचार कमेंट सेक्शन में लिखें।
लेखक के बारे मेंपुलकित सक्सेनापुलकित सक्सेना नवभारत टाइम्स ऑनलाइन में डिजिटल कंटेट प्रोड्यूसर के पद पर कार्यरत हैं। वह साल 2022 नवंबर महीने से नवभारत टाइम्स की डिजिटल विंग से जुड़े। वर्तमान में राजस्थान के लिए काम करते हैं। 2019 में पत्रकारिता की शुरुआत दिल्ली के नेशनल टीवी चैनल में इनपुट डेस्क से की। बीते 7 सालों में टेलीविजन से लेकर सोशल मीडिया और अब डिजिटल मीडिया में काम कर रहे हैं। वर्तमान में नवभारत टाइम्स में डिजिटल कंटेंट प्रोड्यूसर की भूमिका में कार्यरत हैं।
राजस्थान की राजनीति, क्राइम, करंट अफेयर्स और ऑफ बीट खबरों पर नजर रखना पुलकित सक्सेना की पहली प्राथमिकता रहती है।
विशेषज्ञता- राजनीति, क्राइम, एनलिसिस, सियासी उठा पटक को कवर करना।
पत्रकारिता अनुभव: 7 साल से कार्यरत
पुलकित सक्सेना ने साल 2017 में जयपुर नेशनल यूनिवर्सिटी से पत्रकारिता में ग्रेजुएशन पूरी की। साल 2019 में देश की प्रतिष्ठित माखनलाल चतुर्वेदी यूनिवर्सिटी से दिल्ली में प्रथम श्रेणी से पोस्ट ग्रेजुएशन पत्रकारिता में किया। इसके बाद साल 2019 में दिल्ली से टीवी 100 न्यूज चैनल से पत्रकारिता की शुरुआत की। इसके बाद राजस्थान के यूट्यूब न्यूज चैनल में एंकरिंग, पैकेज क्रिएशन और सोशल मीडिया हैंडल के लिए सक्रियता से काम किया। साल 2022 के नवंबर महीने में वह नवभारत टाइम्स ऑनलाइन में जुड़े। वर्तमान में बीते तीन साल से वह नवभारत टाइम्स ऑनलाइन में डिजिटल कंटेट प्रोड्यूसर की भूमिका निभा रहे हैं।... और पढ़ें
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