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राजस्थान में अब नहीं बरसेंगे बदरा? यहां 40.5 डिग्री पहुंचा पारा

राजस्थान में अब नहीं बरसेंगे बदरा? यहां 40.5 डिग्री पहुंचा पारा खास बात यह है कि जैसलमेर में लगातार दूसरे दिन अधिकतम तापमान 40 डिग्री सेल्सियस से ऊपर रहा। इससे अंदाजा लगाया जा सकता है कि मानसून की विदाई के साथ पश्चिमी रा…

Hindustan के अनुसार22 सितंबर 2026 को 05:05 am बजे
राजस्थान में अब नहीं बरसेंगे बदरा? यहां 40.5 डिग्री पहुंचा पारा

सौजन्य से:- Hindustan

राजस्थान में अब नहीं बरसेंगे बदरा? यहां 40.5 डिग्री पहुंचा पारा

खास बात यह है कि जैसलमेर में लगातार दूसरे दिन अधिकतम तापमान 40 डिग्री सेल्सियस से ऊपर रहा। इससे अंदाजा लगाया जा सकता है कि मानसून की विदाई के साथ पश्चिमी राजस्थान में गर्मी ने फिर से असर दिखाना शुरू कर दिया है।

राजस्थान में मानसून की विदाई का दूसरा चरण शुरू हो गया है। सोमवार से राज्य के कुछ और हिस्सों से मानसून लौटने लगा। बीकानेर संभाग के साथ जयपुर संभाग के कुछ इलाकों से भी मानसून की विदाई हो गई। इसी बीच प्रदेश में बारिश का दौर लगभग थम गया है और दिन में तेज धूप के कारण गर्मी-उमस बढ़ने लगी है। सबसे ज्यादा असर पश्चिमी राजस्थान में देखने को मिल रहा है, जहां कई जगह तापमान 40 डिग्री सेल्सियस के आसपास पहुंच गया है।

आज प्रदेश में कहीं बारिश का अलर्ट नहीं

राजस्थान में आज यानी मंगलवार को मौसम विभाग ने किसी भी जिले में बारिश का अलर्ट जारी नहीं किया है। प्रदेश के ज्यादातर हिस्सों में मौसम साफ रहने की संभावना है। दिन में धूप निकलने से तापमान में बढ़ोतरी हो सकती है।

मौसम विभाग के अनुसार, अगले चार दिनों तक राजस्थान में मौसम मुख्य रूप से साफ रहने की संभावना है। हालांकि, इस दौरान कुछ स्थानीय बदलाव देखने को मिल सकते हैं। मानसून की विदाई का सिलसिला भी आगे जारी रहने की संभावना है।

जैसलमेर में लगातार दूसरे दिन पारा 40 पार

मानसून की विदाई के साथ ही पश्चिमी राजस्थान में गर्मी का असर तेज हो गया है। सोमवार को जैसलमेर प्रदेश का सबसे गर्म शहर रहा। यहां अधिकतम तापमान 40.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।

खास बात यह है कि जैसलमेर में लगातार दूसरे दिन अधिकतम तापमान 40 डिग्री सेल्सियस से ऊपर रहा। इससे अंदाजा लगाया जा सकता है कि मानसून की विदाई के साथ पश्चिमी राजस्थान में गर्मी ने फिर से असर दिखाना शुरू कर दिया है।

वहीं, बाड़मेर में भी गर्मी का असर तेज रहा। यहां अधिकतम तापमान 39.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ। जोधपुर और बीकानेर संभाग के अधिकांश जिलों में दिन का तापमान करीब 36 से 40 डिग्री सेल्सियस के बीच रहा।

राजस्थान के इन इलाकों से मानसून की विदाई

मौसम विशेषज्ञों के मुताबिक, राजस्थान में मानसून की विदाई का दूसरा चरण शुरू हो चुका है। सोमवार को पूरे बीकानेर संभाग से मानसून की विदाई हुई।

इसके अलावा झुंझुनूं जिले के पूरे हिस्से से भी मानसून विदा हो गया। सीकर और नागौर के कुछ हिस्सों से भी मानसून की वापसी हो चुकी है। जयपुर संभाग के भी कुछ इलाकों में मानसून की विदाई की परिस्थितियां बनी हैं।

मौसम विभाग ने अगले दो-तीन दिनों के दौरान राजस्थान के कुछ और हिस्सों से मानसून की विदाई के लिए परिस्थितियां अनुकूल रहने की संभावना जताई है। यानी आने वाले दिनों में प्रदेश के और इलाकों से बारिश का दौर खत्म होने की तस्वीर साफ हो सकती है।

पंजाब-हरियाणा में भी मानसून की वापसी

राजस्थान के साथ पड़ोसी राज्यों में भी मानसून की विदाई का सिलसिला शुरू हो गया है। मौसम विशेषज्ञों के अनुसार, पंजाब के अधिकांश हिस्सों और हरियाणा के करीब आधे हिस्से से मानसून की वापसी हो चुकी है।

अब राजस्थान के बचे हुए हिस्सों से मानसून कब तक पूरी तरह विदा होता है, इस पर मौसम विभाग की नजर बनी हुई है। इसके साथ ही प्रदेश में तापमान बढ़ने और मौसम के शुष्क होने का असर आने वाले दिनों में ज्यादा दिखाई दे सकता है।

इस सीजन में 21 फीसदी कम बरसात

राजस्थान में इस बार मानसून सीजन उम्मीद के मुताबिक मजबूत नहीं रहा। पूरे सीजन में प्रदेश में सामान्य के मुकाबले करीब 21 फीसदी कम बारिश दर्ज हुई है।

मानसून की विदाई शुरू होने के साथ अब बारिश की उम्मीद भी लगातार कम होती जा रही है। ऐसे में आने वाले दिनों में प्रदेश में मौसम साफ रहने और दिन के तापमान में बढ़ोतरी का असर देखने को मिल सकता है।

फिलहाल सबसे बड़ा बदलाव पश्चिमी राजस्थान में दिखाई दे रहा है, जहां तापमान 40 डिग्री के पार पहुंच चुका है। दूसरी ओर प्रदेश के बाकी हिस्सों में भी धूप और उमस के कारण गर्मी महसूस की जा रही है। अब नजर इस बात पर है कि मानसून अगले दो-तीन दिनों में राजस्थान के कितने और हिस्सों से विदा होता है और गर्मी का असर कितनी तेजी से बढ़ता है।

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