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11 साल में तीसरी बार मानसून पर ब्रेक: यूपी में अब तक 19%, एमपी में 3% कम बारिश; अरुणाचल में ITBP के 15 जवान फंसे

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Dainik Bhaskar के अनुसार14 जुलाई 2026 को 09:02 am बजे
11 साल में तीसरी बार मानसून पर ब्रेक:  यूपी में अब तक 19%, एमपी में 3% कम बारिश; अरुणाचल में ITBP के 15 जवान फंसे

सौजन्य से:- Dainik Bhaskar

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LIVE11 साल में तीसरी बार मानसून पर ब्रेक:यूपी में अब तक 19%, एमपी में 3% कम बारिश; अरुणाचल में ITBP के 15 जवान फंसे

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देश के बड़े हिस्से में जुलाई में मानसून ब्रेक जैसी स्थिति बनी है। साल 2015 और 2021 के बाद 11 साल में यह तीसरा मौका है। मौसम विभाग के मुताबिक 6-7 दिनों तक उत्तर-पश्चिम, मध्य और दक्षिण भारत के अधिकांश हिस्सों में बारिश के आसार कम हैं। हालांकि, पूर्वोत्तर, बिहार और पश्चिम बंगाल में तेज बारिश जारी रहेगी।

मध्य प्रदेश में पहली बार जुलाई में मानसूनी सीजन में कम बारिश दर्ज की गई है। मौसम विभाग के मुताबिक प्रदेश में अब तक 241.8 मिमी बारिश हुई है, जो सामान्य बारिश 250.1 मिमी से 3% कम है।

वहीं, उत्तर प्रदेश में 1 जून से 13 जुलाई के बीच 161.6 मिमी बारिश हुई, जो कि औसतन 199.7 मिमी से 19% कम है। राजस्थान में पिछले 24 घंटे में कहीं भी बारिश नहीं हुई। श्रीगंगानगर में अधिकतम पारा 41.5°C रहा।

नॉर्थ-ईस्ट राज्यों में बाढ़ जैसे हालात

पूर्वोत्तर में बारिश से जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। बिहार, असम, मेघालय, सिक्किम, अरुणाचल में लैंडस्लाइड और बाढ़ की खबरें सामने आ रही हैं।

सोमवार को अरुणाचल के कुरुंग कुमे जिले में कुमे नदी में बाढ़ के बाद भारत-चीन सीमा (LAC) के पास टापा बॉर्डर आउटपोस्ट पर तैनात ITBP के 15 जवानों से संपर्क टूट गया।

असम के टियोक में पुथी नदी ने एक तटबंध तोड़ दिया। कई गांव और कृषि भूमि पानी में डूब गए हैं। कई जगहों पर सड़कें टूट गईं।

हीट इंडेक्स यानी फील लाइक टेम्परेचर बढ़ेगा

दरअसल, हवा में नमी बढ़ने पर शरीर से निकलने वाला पसीना जल्दी नहीं सूखता। इससे शरीर ठंडा नहीं हो पाता और मौसम वास्तविक तापमान से कहीं ज्यादा गर्म लगता है। इसे हीट इंडेक्स कहते हैं।

भुवनेश्वर में पारा 36° और 63% आर्द्रता के साथ हीट इंडेक्स 49°C तक पहुंच गया। मुंबई में 32°C पारा होने के बावजूद 70% नमी के चलते 40° जैसी गर्मी महसूस हो रही है। दिल्ली और श्रीगंगानगर में हीट इंडेक्स करीब 45-46°C है।

देशभर से मौसम की 5 तस्वीरें…

देशभर के मौसम के हाल के लिए नीचे ब्लॉग से गुजर जाइए…

लाइव अपडेट्स

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- अरुणाचल प्रदेश में बाढ़ में क्रा दादी जिले में कुमेय नदी पर बना 84 मीटर लंबा पुल सोमवार को बाढ़ में बह गया। इसके बाद 8 गांवों का राज्य के बाकी हिस्सों से संपर्क पूरी तरह कट गया।

- राज्य में बारिश के कारण आई बाढ़ और लैंडस्लाइड से अब तक 7 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि 29 लोग घायल हुए हैं। 26 जिलों के 425 गांवों में रहने वाले 97,182 लोग प्रभावित हुए हैं।

- पिपसोरंग के सब-डिविजनल ऑफिसर युमलाम पुलु और ताली ईस्ट के जिला परिषद सदस्य रुघु तामा ने प्रभावित इलाकों का दौरा किया।

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- दिल्ली में मंगलवार सुबह गर्मी बनी रही। सफदरजंग में न्यूनतम तापमान 28.4°C दर्ज किया गया। पालम में 26.8°C, लोधी रोड में 28.2°C, रिज में 24.2°C और आया नगर में 28.8°C तापमान रिकॉर्ड हुआ।

- IMD के मुताबिक, दिनभर आंशिक रूप से बादल छाए रह सकते हैं। अधिकतम तापमान 37°C के आसपास रहने का अनुमान है। मंगलवार सुबह 8:30 बजे तक सिर्फ रिज इलाके में 0.2 मिमी बारिश दर्ज हुई, जबकि बाकी मौसम केंद्रों पर बारिश नहीं हुई।

- केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (CPCB) के अनुसार मंगलवार सुबह दिल्ली का एयर क्वालिटी इंडेक्स (AQI) 152 दर्ज किया गया, जो मीडियम कैटेगरी में आता है।

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सवाल-1: मानसून ब्रेक क्या होता है?

जवाब: जब लगातार 5-10 दिन तक देश के बड़े हिस्से में बारिश सामान्य से कम हो जाती है, तो इस स्थिति को मानसून ब्रेक कहते हैं। यानी यह कुछ दिनों के लिए बारिश का दौर धीमा पड़ना है, मानसून खत्म होना नहीं।

इस दौरान उत्तर-पश्चिम, मध्य और दक्षिण भारत के कई इलाकों में बारिश कम हो जाती है। पूर्वोत्तर, बिहार, पश्चिम बंगाल और हिमालय की तलहटी में अच्छी या भारी बारिश होती रहती है।

सवाल-2: इस बार मानसून ब्रेक क्यों हुआ?

जवाब: इस बार मानसून ब्रेक के पीछे 4 मुख्य वजह हैं-

1. बारिश का रास्ता बदल गया: इस बार मानसूनी ट्रफ अपनी सामान्य जगह से उत्तर की ओर खिसक गई। इसलिए बारिश उत्तर-पूर्व और हिमालय की तलहटी की ओर ज्यादा हो रही है।।

2. अरब सागर से कम नमी मिली: आमतौर पर अरब सागर से आने वाली नम हवाएं पश्चिम और मध्य भारत में अच्छी बारिश कराती हैं। इस बार ये कई दिनों तक कमजोर रहीं, इसलिए इन इलाकों में बारिश कम हुई।

3. बंगाल की खाड़ी के सिस्टम पूर्वी भारत में ही सक्रिय रहे: बंगाल की खाड़ी में बने लो-प्रेशर एरिया और डिप्रेशन बिहार, झारखंड, पश्चिम बंगाल और पूर्वोत्तर राज्यों की ओर बढ़े। इससे इन इलाकों में लगातार बारिश हुई, लेकिन पश्चिम और मध्य भारत तक इनका असर नहीं पहुंचा।

4. पश्चिमी विक्षोभ कमजोर रहे: जुलाई में उत्तर-पश्चिम भारत में पश्चिमी विक्षोभ ज्यादा सक्रिय नहीं रहे। इसलिए राजस्थान, पंजाब, हरियाणा और पश्चिमी मध्य प्रदेश में बारिश बढ़ाने वाली अतिरिक्त मौसमी गतिविधियां नहीं बन सकीं।

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दोलत कैपिटल की रिपोर्ट के मुताबिक अल नीनो के असर और अगले दो हफ्तों तक सामान्य से कम बारिश की संभावना से खरीफ की तिलहन और कपास की फसलों पर असर पड़ सकता है। खासकर राजस्थान, महाराष्ट्र, तेलंगाना, आंध्र प्रदेश और उत्तर कर्नाटक में कम बारिश की संभावना जताई गई है।

रिपोर्ट के मुताबिक, धान की बुवाई सामान्य से ज्यादा हुई है, लेकिन तिलहन, सोयाबीन, मूंगफली और कपास की बुवाई अभी भी सामान्य से कम है। हालांकि, बंगाल की खाड़ी में बनने वाले नए सिस्टम से मध्य और पूर्वी भारत में आने वाले दिनों में बारिश बढ़ने की उम्मीद है।

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जुलाई में मानसून पर ब्रेक लगने से छत्तीसगढ़ में पिछले 24 घंटे में किसी भी हिस्से में बारिश नहीं हुई। मौसम विभाग के मुताबिक 1 जून से अब तक प्रदेश में सामान्य से 26% कम बारिश रिकॉर्ड की गई है। पूरी खबर पढ़ें…

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मध्य प्रदेश में पहली बार जुलाई में मानसूनी सीजन में कम बारिश दर्ज की गई है। मौसम केंद्र के मुताबिक- प्रदेश में सामान्य से 3 प्रतिशत पानी कम गिरा है। पूर्वी हिस्से यानी- जबलपुर, शहडोल, सागर और रीवा संभाग में एवरेज से 17% और पश्चिमी हिस्से यानी- भोपाल, इंदौर, उज्जैन, नर्मदापुरम ग्वालियर-चंबल में 10% कम बारिश हुई है।

मौसम विभाग के अनुसार, प्रदेश में अब तक 241.8 मिमी (9.5) बारिश हो चुकी है, जो सामान्य बारिश के 250.1 मिमी (9.8) से 3% कम है। हालांकि, यह कोटे की 25 प्रतिशत है। पूरी खबर पढ़ें…

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राजस्थान में मानसून पूरी तरह थम गया है। पिछले 24 घंटे में राजस्थान में कहीं भी बारिश रिकॉर्ड नहीं की गई। श्रीगंगानगर में अधिकतम 41.5°C रहा। मौसम विभाग ने 16 जुलाई से बारिश होने की उम्मीद जताई है। पूरी खबर पढ़ें…

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उत्तर प्रदेश के 22 शहरों में आज बारिश का अलर्ट है। 8 शहरों में भारी बारिश की चेतावनी जारी की गई है। मौसम विभाग के अनुसार 1 जून से 13 जुलाई के बीच 161.6 MM बारिश हुई। जबकि औसतन 199.7 MM होनी चाहिए थी। अब तक 19% कम बारिश हुई है। पूरी खबर पढ़ें…

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मौसम विभाग ने बिहार में आज 10 जिलों में आज तेज बारिश की संभावना जताई है। बिहार में मानसून की रफ्तार एक बार फिर धीमी पड़ गई है। हालांकि मौसम विभाग के मुताबिक 15 जुलाई से बंगाल की खाड़ी से नमी बढ़ने के साथ मानसून फिर एक्टिव होगा। पूरी खबर पढ़ें…

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उत्तराखंड में मानसून कमजोर पड़ गया है। मौसम विभाग ने पहाड़ी जिलों के लिए आंधी-बारिश और बिजली गिरने का यलो अलर्ट जारी किया है। सोमवार को प्रदेश में सबसे ज्यादा पारा पंतनगर में 34.7°C रहा। पूरी खबर पढ़ें…

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पंजाब के करीब 16 जिलों में हल्की बारिश हो सकती है। इस वजह से तापमान में भी बढ़ोतरी होगी। चंडीगढ़ में आंधी की चेतावनी दी गई है। चंडीगढ़ निगम ने पेड़ों और बिजली के खंभों से दूर रहने की एडवाइजरी जारी की है। पूरी खबर पढ़ें…

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हरियाणा के सिरसा में अब तक (औसत 35 मिमी) के मुकाबले मात्र 8 मिमी बारिश हुई है, जो 77% की भारी कमी को दर्शाता है। फतेहाबाद में सामान्य से 60% कम (केवल 12 मिमी) और हिसार में सामान्य से 55% कम (करीब 18 मिमी) बारिश दर्ज की गई है। पूरी खबर पढ़ें…

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14 जुलाई:

बिहार, ओडिशा, आंध्र प्रदेश में बारिश का ऑरेंज अलर्ट है।

ओडिशा, तमिलनाडु, पुडुचेरी में गर्मी और उमस भरा मौसम रहेगा।

15 जुलाई:

ओडिशा में बारिश का ऑरेंज अलर्ट है। छत्तीसगढ़, बिहार और उत्तराखंड में यलो अलर्ट है।

कर्नाटक, तेलंगाना और आंध्र प्रदेश में 50 से 70kmph की रफ्तार से हवा चलेगी।

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