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राजस्थान: स्कूल में न शुद्ध पानी, न साफ शौचालय… बदहाली पर आशुतोष रांका ने दी आंदोलन की चेतावनी

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Amar Ujala के अनुसार20 सितंबर 2026 को 01:04 pm बजे
राजस्थान: स्कूल में न शुद्ध पानी, न साफ शौचालय… बदहाली पर आशुतोष रांका ने दी आंदोलन की चेतावनी

सौजन्य से:- Amar Ujala

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राजस्थान: स्कूल में न शुद्ध पानी, न साफ शौचालय… बदहाली पर आशुतोष रांका ने दी आंदोलन की चेतावनी

Sun, 20 Sep 2026 04:42 PM IST

प्रतीक पांडेय

न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जयपुर

न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जयपुर

Published by: प्रतीक पांडेय

Updated Sun, 20 Sep 2026 04:42 PM IST

सार

उदयपुर के सरकारी विद्यालयों में बुनियादी सुविधाओं की बदहाली का मामला सामने आया है। आशुतोष रांका ने औचक निरीक्षण के दौरान पेयजल, शौचालय, बिजली, पंखे और फर्नीचर की समस्याएं देखीं। उन्होंने जिला शिक्षा अधिकारी को ज्ञापन देकर 10 दिन में सुधार नहीं होने पर आंदोलन की चेतावनी दी है।

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विस्तार

कॉकरॉच जनता पार्टी के नेता आशुतोष रांका ने क्षेत्र के सरकारी विद्यालयों का औचक निरीक्षण कर वहां की लचर व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े किए। उन्होंने उदयपुर शहर और आसपास के ग्रामीण इलाकों के कई प्राथमिक और उच्च प्राथमिक विद्यालयों का दौरा किया, जहां विद्यार्थियों के लिए पीने के शुद्ध पानी, स्वच्छ शौचालयों और पर्याप्त बेंच-कुर्सियों का भारी अभाव पाया गया। उन्होंने विद्यालय परिसरों में सुरक्षा दीवार की स्थिति को भी देखा, जो कई स्थानों से टूटी हुई मिली।

बुनियादी सुविधाओं का अभाव

निरीक्षण के दौरान आशुतोष रांका ने पाया कि कई विद्यालयों में बिजली व्यवस्था ठप थी और गर्मी के मौसम में भी कक्षाओं में पंखे चालू हालत में नहीं थे। विद्यालय परिसरों में स्वच्छता की स्थिति अत्यंत चिंताजनक थी, जिससे छोटे बच्चों के स्वास्थ्य पर बुरा असर पड़ रहा है। रांका ने विभागीय अधिकारियों को बताया कि विकास कोष का बजट स्वीकृत होने के बावजूद जमीनी स्तर पर मरम्मत कार्य पूरे नहीं हो सके। उन्होंने शिक्षकों की उपस्थिति पंजी का अवलोकन भी किया तथा बिना सूचना अनुपस्थित रहने वाले कर्मचारियों के खिलाफ नियमानुसार सख्त कार्रवाई करने का अनुरोध किया।

यह भी पढ़ें: सांवलिया सेठ को अनोखा चढ़ावा: कारोबारी ने भेंट किया 1.2 किलो चांदी का मॉडल, 40 किमी पैदल चलकर पहुंचे मंदिर

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त्वरित समाधान की मांग

इस संबंध में आशुतोष रांका ने जिला शिक्षा अधिकारी को ज्ञापन सौंपकर विद्यालय परिसरों की व्यवस्थाओं में तत्काल सुधार करने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि यदि 10 दिनों के भीतर जर्जर शौचालयों की मरम्मत और पेयजल की सुचारू आपूर्ति बहाल नहीं हुई तो वे ग्रामीणों के साथ मिलकर उग्र आंदोलन करेंगे। स्थानीय निवासियों ने भी विद्यालय प्रबंधन समिति पर रखरखाव के लिए मिलने वाली सरकारी राशि के अनुचित प्रयोग के आरोप लगाए हैं। जिला शिक्षा अधिकारी ने मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच टीम गठित करने और दोषी पाए जाने वाले अधिकारियों पर अनुशासनात्मक कार्रवाई करने का आश्वासन दिया है।

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बुनियादी सुविधाओं का अभाव

निरीक्षण के दौरान आशुतोष रांका ने पाया कि कई विद्यालयों में बिजली व्यवस्था ठप थी और गर्मी के मौसम में भी कक्षाओं में पंखे चालू हालत में नहीं थे। विद्यालय परिसरों में स्वच्छता की स्थिति अत्यंत चिंताजनक थी, जिससे छोटे बच्चों के स्वास्थ्य पर बुरा असर पड़ रहा है। रांका ने विभागीय अधिकारियों को बताया कि विकास कोष का बजट स्वीकृत होने के बावजूद जमीनी स्तर पर मरम्मत कार्य पूरे नहीं हो सके। उन्होंने शिक्षकों की उपस्थिति पंजी का अवलोकन भी किया तथा बिना सूचना अनुपस्थित रहने वाले कर्मचारियों के खिलाफ नियमानुसार सख्त कार्रवाई करने का अनुरोध किया।

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त्वरित समाधान की मांग

इस संबंध में आशुतोष रांका ने जिला शिक्षा अधिकारी को ज्ञापन सौंपकर विद्यालय परिसरों की व्यवस्थाओं में तत्काल सुधार करने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि यदि 10 दिनों के भीतर जर्जर शौचालयों की मरम्मत और पेयजल की सुचारू आपूर्ति बहाल नहीं हुई तो वे ग्रामीणों के साथ मिलकर उग्र आंदोलन करेंगे। स्थानीय निवासियों ने भी विद्यालय प्रबंधन समिति पर रखरखाव के लिए मिलने वाली सरकारी राशि के अनुचित प्रयोग के आरोप लगाए हैं। जिला शिक्षा अधिकारी ने मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच टीम गठित करने और दोषी पाए जाने वाले अधिकारियों पर अनुशासनात्मक कार्रवाई करने का आश्वासन दिया है।

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