होमक्राइमपुराना मोबाइल खरीदने से पहले KYM से करें जांच: वरना फंस सकते हैं साइबर ठगी के जाल में; राजस्थान पुलिस ने एडवाइजरी जारी कर दी चेतावनी - Jaipur News
क्राइम

पुराना मोबाइल खरीदने से पहले KYM से करें जांच: वरना फंस सकते हैं साइबर ठगी के जाल में; राजस्थान पुलिस ने एडवाइजरी जारी कर दी चेतावनी - Jaipur News

- Hindi News - Local - Rajasthan - Jaipur - Rajasthan Police Cyber Fraud Advisory | KYM Mobile Check पुराना मोबाइल खरीदने से पहले KYM से करें जांच:वरना फंस सकते हैं साइबर ठगी के जाल में; राजस्थान पुलिस ने एडवाइजरी जारी क…

Dainik Bhaskar के अनुसार7 जुलाई 2026 को 10:15 am बजे
पुराना मोबाइल खरीदने से पहले KYM से करें जांच:  वरना फंस सकते हैं साइबर ठगी के जाल में; राजस्थान पुलिस ने एडवाइजरी जारी कर दी चेतावनी - Jaipur News

सौजन्य से:- Dainik Bhaskar

- Hindi News

- Local

- Rajasthan

- Jaipur

- Rajasthan Police Cyber Fraud Advisory | KYM Mobile Check

पुराना मोबाइल खरीदने से पहले KYM से करें जांच:वरना फंस सकते हैं साइबर ठगी के जाल में; राजस्थान पुलिस ने एडवाइजरी जारी कर दी चेतावनी

- कॉपी लिंक

राजस्थान पुलिस ने सस्ते दामों पर पुराना मोबाइल खरीदने वालों के लिए एडवाइजरी जारी करते हुए KYM (Know Your Mobile) से जांच करने की सलाह दी है। पुलिस का कहना है कि बिना सत्यापन के पुराना मोबाइल खरीदने पर लोग साइबर ठगी, चोरी के फोन या ऑनलाइन फ्रॉड के माम

एडवाइजरी में मोबाइल की डिटेल और वैधता जांचने के बाद ही खरीदारी करने की अपील की गई है, ताकि साइबर अपराधों से बचा जा सके।

दरअसल, सस्ते दाम में सेकेंड हैंड मोबाइल खरीदना कई बार महंगा साबित हो सकता है। बिना जांच-पड़ताल के खरीदा गया मोबाइल चोरी का, ब्लैकलिस्टेड या क्लोन होने पर न केवल आर्थिक नुकसान पहुंचा सकता है, बल्कि खरीदार को कानूनी परेशानियों में भी डाल सकता है।

राजस्थान पुलिस की साइबर क्राइम शाखा ने नागरिकों को नया या पुराना (सेकेंड हैंड) मोबाइल खरीदते समय सतर्क रहने की सलाह दी है। पुलिस ने कहा कि मोबाइल खरीदने से पहले उसकी वैधता, चोरी अथवा ब्लैकलिस्ट होने की स्थिति की जांच अवश्य कर लें। इसके लिए केंद्रीय दूरसंचार विभाग द्वारा विकसित सीईआईआर (CEIR) पोर्टल की KYM (Know Your Mobile) सेवा आम नागरिकों के लिए उपलब्ध है।

मोबाइल खरीदने से पहले जांच अवश्य करें

अतिरिक्त महानिदेशक पुलिस (साइबर क्राइम) वीके सिंह के निर्देशानुसार जारी एडवाइजरी में बताया गया है कि कई लोग बिना सत्यापन के सेकेंड हैंड मोबाइल खरीद लेते हैं, जो बाद में चोरी का, ब्लैकलिस्टेड या क्लोन पाया जाता है। ऐसे मामलों में आर्थिक नुकसान के साथ कानूनी कार्रवाई का सामना भी करना पड़ सकता है।

पुलिस के अनुसार, KYM सेवा के माध्यम से मोबाइल का ब्रांड और मॉडल, उसकी वैधता और ब्लैकलिस्ट स्टेटस की जानकारी प्राप्त की जा सकती है। इससे यह पता लगाया जा सकता है कि मोबाइल असली है या क्लोन और कहीं वह चोरी, गुमशुदा या ब्लॉक तो नहीं है।

IMEI नंबर जानने के लिए फोन से *#06# डायल करें

मोबाइल का IMEI नंबर जानने के लिए फोन से *#06# डायल किया जा सकता है। इसके बाद 14422 पर KYM<स्पेस>IMEI नंबरभेजकर, KYM मोबाइल ऐप के जरिए अथवा CEIR पोर्टल पर IMEI Verification सुविधा का उपयोग कर मोबाइल का सत्यापन किया जा सकता है।

मोबाइल का स्टेटस Blacklisted या Blocked दिखाई दे तो उसे बिल्कुल न खरीदें

राजस्थान पुलिस ने नागरिकों को सलाह दी है कि यदि किसी मोबाइल का स्टेटस Blacklisted या Blocked दिखाई दे तो उसे बिल्कुल न खरीदें, क्योंकि वह चोरी, गुमशुदा या किसी अवैध गतिविधि से जुड़ा हो सकता है।

साइबर अपराध या ऑनलाइन ठगी का शिकार होने पर तुरंत नजदीकी पुलिस स्टेशन, साइबर पुलिस स्टेशन, राष्ट्रीय साइबर क्राइम रिपोर्टिंग पोर्टल अथवा साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर शिकायत दर्ज कराने की अपील की गई है। इसके अलावा साइबर हेल्प डेस्क नंबर 9256001930 और 9257510100 पर भी संपर्क किया जा सकता है।

Powered by Reporting Rajasthan Files

संबंधित ख़बरें