जयपुर में कंपनी निदेशक को कर्मचारियों ने ही दिया धोखा: जालसाजी कर दूसरों को बेच दिए फ्लैट्स, बीमार होने के फायदा उठाया - Jaipur News
- Hindi News - Local - Rajasthan - Jaipur - Jaipur Fraud Case | Director Ajay Singh Mansarovar Flats Cheating जयपुर में कंपनी निदेशक को कर्मचारियों ने ही दिया धोखा:जालसाजी कर दूसरों को बेच दिए फ्लैट्स, बीमार होने के फायद…

सौजन्य से:- Dainik Bhaskar
- Hindi News
- Local
- Rajasthan
- Jaipur
- Jaipur Fraud Case | Director Ajay Singh Mansarovar Flats Cheating
जयपुर में कंपनी निदेशक को कर्मचारियों ने ही दिया धोखा:जालसाजी कर दूसरों को बेच दिए फ्लैट्स, बीमार होने के फायदा उठाया
- कॉपी लिंक
जयपुर में एक कंपनी निदेशक से उसके ही कर्मचारियों ने करोड़ों रुपए की धोखाधड़ी कर ली। कर्मचारियों ने उसके बीमार होने का फायदा उठाकर कंपनी के फ्लैट्स बेच डाले। अब कंपनी निदेशक ने मानसरोवर थाने में कर्मचारियों के खिलाफ FIR दर्ज कराई है।
जयपुर के सांगानेर इलाके में रहने वाले कंपनी निदेशक अजय सिंह ने मामले को लेकर जयपुर के प्रेस क्लब में प्रेस कॉन्फ्रेंस भी की। उन्होंने बताया कि उनके बीमार होने पर कंपनी कर्मचारियों ने जालसाजी कर कंपनी के फ्लैट्स बेच दिए।
अजय सिंह ने पुलिस थाने में दी रिपोर्ट में बताया कि उनकी कंपनी की ओर से मानसरोवर में एक आवासीय परियोजना का संचालन किया गया था। साल-2014 से 2018 के बीच प्रोजेक्ट के करीब 40 प्रतिशत फ्लैट बुक हो चुके थे। अत्यधिक मानसिक और आर्थिक दबाव के कारण निदेशक अजय सिंह का स्वास्थ्य बिगड़ गया। मई-2024 में इलाज के लिए एक पुनर्वास केंद्र में भर्ती होना पड़ा।
कंपनी निदेशक को भेजा जेल
आरोप है कि निदेशक की बीमारी का फायदा उठाकर कंपनी के कर्मचारियों ने आपसी मिलीभगत से कंपनी के बैंक अकाउंट्स, चेक बुक्स, इम्पोटेंट डिजिटल डेटा और फाइनेंसियल डॉक्यूमेंट पर काबू पा लिया। निदेशक को धोखे में रखकर सारा कामकाज अच्छे तरीके से संभालने का झांसा देते रहे। जालसाजी कर कई फ्लैट्स की केस रसीदें जारी कर सेल डीड व रजिस्ट्री करवा दी।
जिनसे एडवांस लेकर फ्लैट बुकिंग की गई थी, फ्लैट उनको नहीं देकर आरोपी कर्मचारियों ने दूसरे लोगों के नाम रजिस्ट्री करवा दी। एडवांस बुकिंग अमाउंट देने वालों ने फ्लैट नहीं मिलने पर केस दर्ज करवाने पर पुलिस ने कंपनी निदेशक को अरेस्ट कर जेसी भेज दिया।
ऑडिट करवाने पर खुला खेल
जमानत पर जेल से बाहर आने पर अजय सिंह ने कंपनी के अकाउंट्स की ऑडिट करवाई। जिसमें कर्मचारियों के जालसाजी करने का पता चला। आरोपी कर्मचारियों ने पकड़े जाने से बचने के लिए ऑफिस से लेपटॉप, डीवीआर सहित इम्पोटेंट डॉक्यूमेंट तक गायब कर दिए।
निदेशक की मांग है कि पुलिस की ओर से सही इनवेस्टिगेशन करने पर दोषी जेल के पीछे होंगे। पुलिस की ओर से फ्लैट बुकिंग वाले मेंबर्स और रजिस्ट्री कराने वाले परचेजर को आमने-सामने बैठाकर पूछताछ करने के साथ ट्रांजेक्शन को बैंक से वेरिफाई कराने पर जालसाजी का खेल खुल जाएगा।
पीड़ित की ओर से पुलिस के अलावा रेरा में भी कम्पलेन की गई है। पीड़ित की मांग है कि उसकी FIR दर्ज करने के साथ ही FSL जांच करवाकर दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए।
- जयपुर में कपड़े की दुकान में लगी आग: पूरा स्टॉक जलकर खाक, दमकल की एक गाड़ी से 10 मिनट में काबू पाया
- दूदू से सुरसुरा धाम के लिए पांचवीं पदयात्रा रवाना: जय वीर तेजाजी महाराज के जयकारे लगाए, छिर्र बालाजी मंदिर में रात्रि विश्राम होगा
- तरबूज बीज उद्योग पर संकट,ढाई साल से आयात बंद: सैकड़ों फैक्ट्रियों पर असर; नेपाल बॉर्डर पर तस्करी बढ़ने का दावा
- अक्टूबर में जयपुर से चलने वाली 13 ट्रेनें होंगी प्रभावित: बीकानेर-मंडल में RCC बॉक्स डालने से 8 ट्रेनें आंशिक रूप से रद्द; जानें पूरी डिटेल
Powered by Reporting Rajasthan Files
संबंधित ख़बरें

अजमेर में बिना सूचना के विदेशी नागरिक को ठहराया: 24 घंटे में नहीं दी ऑनलाइन जानकारी; गेस्ट हाउस संचालक के खिलाफ केस दर्ज - Ajmer News

राजस्थान में मॉब लिंचिंग: चोरी के शक में बेरहमी से पिटाई, 20-25 लोगों ने युवक को इतना पीटा कि चली गई जान

राजस्थान: दिव्या के धरने के बाद ADM तैनात, CI को हटाया गया, जानें मथानिया चुनाव विवाद में अब तक क्या हुआ?


